पंडित रघुनाथ मुर्मू के बारे में जानिए, जिनकी आज जयंती है

पंडित रघुनाथ मुर्मू का बचपन में नाम चुनू मुर्मू था। उन्होंने तकनीशीयन के रूप में शुरुआत…

पंडित रघुनाथ मुर्मू की जयंती के मौके पर दो संताल युवाओं ने शुरू किया बच्चों के लिए ओलिचिकी का निःशुल्क ट्यूशन

ओलचिकी के साथ आदिवासी बच्चों को अन्य विषयों की भी शिक्षा दी जाती है, इसके साथ…

संताल अस्मिता के संरक्षण व नई पीढ़ी में चेतना जगाने के लिए अनूठी पहल

दुमका के एक गांव के लोगों ने हर सप्ताह संताल देवता की पूजा व सामूहिक प्रार्थना…

संताल आदिवासियों ने किया मोड़े मांझी का आयोजन, ओलिचिकी को व्यापक मान्यता के लिए अब सीएम से संवाद

संताल परगना के संताल आदिवासी पिछले कुछ महीनों से ओलचिकी व संताली को व्यापक मान्यता देने…

सिदो-कानू ने आदिवासी अस्मिता व स्वाभिमान को नई पहचान दी

राजमहल कॉलेज में सिदो मुर्मू की जयंती पर विचार गोष्ठी का आयोजन राजमहल (साहिबगंज): मॉडल कॉलेज,…

ओलचिकी लिपि को व्यापक स्तर पर लागू करने की आदिवासी संगठनों की सरकार से मांग

विधायक बसंत सोरेन को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नाम का ज्ञापन संताल युवाओं ने सौंपा दुमका:…

संताली भाषा की ओलचिकी लिपि को व्यापक मान्यता दिलाने के लिए कुल्ही दुरूह का आयोजन

दुमका: झारखंड राज्य में केजी से पीजी तक सभी शिक्षण संस्थानों में संताल आदिवासी की ओलचिकी…

संताल आदिवासियों का बाहा पर्व, जिसमें सादा पानी डाल मनाते हैं उत्सव

दुमका: आदिवासी समुदायं के पर्व, परंपराएं और मान्यताएं उन्हें सीधे प्रकृति से जोड़ती हैं। ऐसा ही…

राजकीय जनजातीय हिजला मेला और दिसोम मरांग बुरु का ऐतिहासिक संदर्भ और महत्व

सच्चिदानंद सोरेनसमाज सेवक झारखंड की उपराजधानी दुमका से सटे हिजला पहाड़ी की तलहटी में स्थित है…

आंदोलन का असरः हिजला मेले में हिंदी के साथ ओलिचिकी में लगाया गया डिस्प्ले

दुमका : हिजला गांव के ग्रामीणों और विभिन्न आदिवासी संगठनों की लगातार मांग करने और आंदोलन…