दुमका : दुमका जिले में स्थित हिजला झारखंड का एक एक ऐतिहासिक गांव है, जिसका इतिहास देश की आजादी की लड़ाई और संताल आदिवासियों की गौरवशाली परंपराओं व रीति रिवाज से जुड़ता है। लेकिन, इस गांव में सड़क के निर्माण कार्य से ग्रामीण परेशान हैं। दुमका शहर से मात्र तीन किमी की दूरी पर स्थित हिजला गांव हिजला पहाड़ के चारों ओर बसा है और यह पठार है यानी जमीन ऊपर-नीचे है। ग्रामीणों के घर इसी पठार पर बने हुए हैं, किसी का घर उपर तो किसी का नीचे। ऐसे में यहां एक सप्ताह बाद होने जा रहे राजकीय हिजला मेले से पहले सड़क का निर्माण कार्य किया जा रहा है, लेकिन इसके गलत तरीके से स्थानीय ग्रामीण परेशान हैं और उनका कहना है कि इससे सड़क काफी ऊंची हो जा रही है और पीसीसी से उसका कनेक्शन महत्वहीन हो जाता है। यानी पीसीसी से वाहन या अन्य माध्यम से जाने पर ग्रामीणों को काफी जोर लगाना पड रहा है। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि उन्होंने इस बारे में कई बार संबंधित ठेकेदार को बताया, लेकिन उनकी बातों पर ध्यान नहीं दिया गया।

गांव के लोगों की बसावट को सुविधा देने के लिए पीसीसी सड़क का निर्माण किया गया है, लेकिन सड़क की ऊंचाई काफी अधिक हो जाने से पीसीसी से रोड पर जाने में काफी दिक्कत होती है।
राजकीय जनजातीय हिजला मेला महोत्सव इस साल 21 से 28 फरवरी तक आयोजित होने वाला है। इसको लेकर सड़क निर्माण और अन्य दूसरी तैयारियां जोरों पर हैं। अपनी परेशानियों का जिक्र करते हुए 15 फरवरी, शुक्रवार को ग्रामीणों ने हिजला गांव में सड़क को बांस लगाकर जाम कर दिया।

गाड़ियों को पीसीसी से रोड पर ले जाने में फिसलन का खतरा होता है और इससे बचने के लिए धक्का देने की नौबत आ जाती है।
ग्रामीणों का कहना है कि अभी जो सड़क बन रही है, उससे गांव को जोड़ने वाली पीसीसी बहुत नीचे हो जा रही है। ग्रामीणों ने ठेकेदार को कई बार कहा कि स्लोप बना दिया जाय लेकिन ठेकेदार इस पर ध्यान नहीं दे रहे हैं। ग्रामीणों का यह भी कहना है सड़क अधिक ऊंची होने से कोई भी गाड़ी गांव में ले जाने में बहुत दिक्कत हो रही है। आने वाले समय मे एम्बुलेंस भी नही आ-जा सकेगा। ग्रामीणों ने कहा कि जब तक स्लोप को नही बना दिया जाता है, हम सड़क को जाम रखेंगे। इस मौके में हिजला गांव के मंझी बाबा(ग्राम प्रधान) सुनिलाल हांसदा, एमेल मरांडी, दिलीप सोरेन, रुबिलाल हांसदा, जय गणेश हांसदा, नेबुलाल हांसदा, धनमुनि हेम्ब्रम, ललित हेम्ब्रम, दिलीप सोरेन, ऑफिसर हांसदा, सामु हांसदा, मुन्ना बास्की, मनोज हेम्ब्रम आदि ने विरोध प्रदर्शन किया और ठेकेदार व जिला प्रशासन से जल्द से जल्द अपनी समस्या पर अमल करने की मांग की।
हिजला गांव व उसके इतिहास पर पढिए यह विशेष स्टोरी –